शनिवार, 23 अप्रैल 2011

क्या 21 मई को दुनिया खत्म हो जाएगी? --- ललित शर्मा

21 मई कयामत का दिन (जजमेंट डे)है, इस दिन से दुनिया के खत्म होने का सिलसिला शुरु हो जाएगा जो 20 अक्टुबर तक चलेगा। 20 अक्टुबर को पूरी दुनिया खत्म हो जाएगी। ऐसा कहना है अमेरिका के ज्योतिष हेराल्ड कैपिंग का। उसका कहना है कि 70 वर्षों के शोध के पश्चात उसने उपरोक्त तारीख निकाली है। सिर्फ़ दो फ़ीसदी लोग स्वर्ग में जाएगें। एक समाचार के अनुसार इस आशय के होर्डिंग भी लगने लगे हैं। जिससे लोगों में दहशत बन रही है।
यह एक तरह से सम्प्रदाय विशेष का प्रचार तंत्र है। इस बहाने पुरी दुनिया में दहशत फ़ैला कर सम्प्रदाय का प्रचार करना ही मुख्य उद्देश्य है। मुर्खता पूर्ण प्रचार-प्रसार भी शुरु है। इस दुनिया से जब 2 फ़ीसदी लोग ही स्वर्ग में जाएगें तो बाकी कहाँ रहेगें? वैसे भी 2 फ़ीसदी लोग धरती पर ही स्वर्गिक आनंद ले रहे हैं। बाकी जनता तो नरक में ही पड़ी  है।
वैसे पहले भी पोप ने रुपए लेकर स्वर्ग के टिकिट बांटे थे। साल दो साल में कोई भी सिरफ़िरा दुनिया के खत्म होने की भविष्यवाणी कर देता है और मीडिया उसे हाथों-हाथ उठा लेता है। इस तरह के भ्रामक एवं असत्य प्रचार से मीडिया को बचना चाहिए। इस आशय की होर्डिंग लगाकर मिथ्या प्रचार करने वाले पर स्थानीय प्रशासन को कड़ी कार्यवाही करनी चाहिए।

आप क्या कहते हैं, कितनी सत्यता है हेराल्ड कैपिंग की भविष्यवाणी में? होर्डिंग पर इनका वेब एड्रेस भी है।

39 टिप्‍पणियां:

  1. नये नये शगूफे है, बेवकूफ बनाने के। लोगों को समझना चाहिए, इन पढे-लिखे लोगों की करतूतों को।

    उत्तर देंहटाएं
  2. कोई भी सिरफ़िरा दुनिया के खत्म होने की भविष्यवाणी कर देता है और मीडिया उसे हाथों-हाथ उठा लेता है,

    सही कहा मीडिया को सड़ता अनाज नहीं दिखता, भ्रस्टाचार नहीं दिखता,
    दिखता भी है तो दो दिन बाद दिखाई देना बंद हो जाता है

    पर ऐसी खबरे बड़ी आसानी से दिख जाती है

    टी आर पी जो आती है

    प्रचार पाने का मूर्खतापूर्ण तरीका !

    उत्तर देंहटाएं
  3. "साल दो साल में कोई भी सिरफ़िरा दुनिया के खत्म होने की भविष्यवाणी कर देता है और मीडिया उसे हाथों-हाथ उठा लेता है।"

    भई मीडिया को भी तो अपने टीआरपी की फिक्र रहती है, चाहे लोग दहशत में मर ही क्यों ना जाएँ, मीडिया की टीआरपी बढ़नी ही चाहिए। याद है ना "महाप्रलय" वाली खबर जिसके कारण कितने ही लोगों ने आत्महत्या कर ली थी?

    उत्तर देंहटाएं
  4. 66 रेडियो स्टेशन चलाने वाले यही कैपिंग महोदय 1994 में भी ऐसी ही भविष्यवाणी कर चुके हैं...ये भी कहा था कि जीसस क्राइस्ट दुनिया पर दोबारा आएंगे...कुछ नहीं हुआ...बाद में कैपिंग साहब ने कहा, कुछ गणना करने में चूक हो गई थी...इस बार देखते हैं बाद में कौन सा बहाना बनाएंगे...

    जय हिंद...

    उत्तर देंहटाएं
  5. सही है लोग बाग़ धर्म के नाम पर लोगों के बीच दहशत का वातावरण बना रहे हैं ...और इसकी आड़ में वे लोग अपने धर्म का प्रचार प्रसार कर रहे हैं ....मैंने कई टी.वी. चैनलों में देखा हैं की अमेरिका में लोगबाग दहशत में आकर अपनी संपत्ति बेच रहे हैं और इधर उधर भाग रहे हैं . धर्म के नाम पर दहशत फैलाने वालों के खिलाफ कठोर कार्यवाही की जाना चाहिए .... आपने सही मुद्दा उठाया है ...

    उत्तर देंहटाएं
  6. बिल्कुल कड़ी सजा मिलना चाहिये, लेकिन देगा कौन, अभी सब अल्प इकट्ठे हो जायेंगे और चिल्लाने लगेंगे..

    उत्तर देंहटाएं
  7. परिपक्व लोग तो इस खबर की असलियत समझ जाते हैं...पर बच्चों पर इसका बहुत बुरा असर होता है...एक दहशत बैठ जाती है उनके मन में...ऐसी खबरे फैलाने वाले ये सब क्यूँ नहीं सोचते.

    उत्तर देंहटाएं
  8. jnaab insaan khtm duniya khtm vese insaaniyat khtm ho rahi hai to duniya to khtm hone ki taraf hi bdh rahi hai bhtrin jaankaari ke liyen dhnyavaad. akhtar khan akela kota rajsthan

    उत्तर देंहटाएं
  9. जिनको कोई सार्थक काम नहीं सूझता है वे ऐसी ही भविष्यवाणियां करते हैं।

    उत्तर देंहटाएं
  10. इस टिप्पणी को लेखक द्वारा हटा दिया गया है.

    उत्तर देंहटाएं
  11. अरे वाह बहुत ही बड़ी खबर है ये तो..............

    उत्तर देंहटाएं
  12. तारीख बताने वाले से यह अवश्य पूछा जाना चाहिए की वे कब स्वर्गीय हो रहे हैं.........प्रभावी पोस्ट.......आभार !!

    उत्तर देंहटाएं
  13. यहां ब्लॉगिंग में भी एक महाराज कह रहे हैं कि प्रलय से बचना चाहते हो तो हंस दीक्षा ले लो :)

    प्रणाम

    उत्तर देंहटाएं
  14. हम तो हर दिन पूर्ण जीने के सिद्धान्त से जीते हैं, अब कभी भी कुछ आ जाये।

    उत्तर देंहटाएं
  15. Lalit ji hum to aapke darshano ko taras gae . ab yah pralay hmaara kya bigaadegi.

    उत्तर देंहटाएं
  16. २१ मई कौन सा दूर है । फिर ये होर्डिंग्स खुद ही हट जायेंगे ।

    उत्तर देंहटाएं
  17. ye khabar india tv tak pahuchaiye they will give handsome money to u

    उत्तर देंहटाएं
  18. कैसे कैसे जोकर हैं हमारे यहां... इन्हें भी नमस्ते जी :)

    उत्तर देंहटाएं
  19. डर के मारे चाहे कोई जो करे पूजा पाठ या कुछ और में सोच रही हू शापिंग कर डालू...पर कमाल है कोई भी कंपनी २१ मई के पहले स्टॉक क्लेअरेंस सेल नहीं लगा रही....मीडिया को तो सिर्फ ऐसी ही खबरे दिखती है....

    उत्तर देंहटाएं
  20. आपकी पोस्‍ट के असर से इसके लिए कोई कारगर कदम न उठाया गया तो इसके प्रचार के सहयोगी आप भी जाने-अनजाने बन रहे हैं.

    उत्तर देंहटाएं
  21. २% तो बहुत कम है. सब लोग १५ अगस्त के पहले ले दे कर अपनी सीट तो बुक करा ही लो...बाद में तो लोकपाल बिल के चक्कर में सेटिंग भी नहीं चल पायेगी.

    उत्तर देंहटाएं
  22. अरे अरे कहे तो डरो हो जी, २१ मई के बाद जो जो जिन्दा रहना चाहता हे, वो मेरे से जल्द से जल्द सपर्क करे, अपनी साठं गाठं हे ऊपर वाले से, सो आप लोगो के लिये सुरक्षित स्थान का इंतजाम करवा दुंगा, क्योकि साई बाबा तो पहले ही लुढक वाला हे, जिसे सब भगवान कहते थे... तो भाईयो सीटे कम हे ओर मै अपने भारतियो भाईयो को प्राथमिकता दिलवा सकता हुं बस पैसा थोडा लगेगा, जल्दी कर २% बहुत ज्यादा हे १% का कोटा तो हमे ही मिला हे, ओर दलित के लिये भी ००१% अलग से:) यह दुकान दारी नही सेवा हे जी, ओर नोट नही सिर्फ़ सोना ओर वो भी खरा वाला चलेगा... अरे सोचो मत....

    उत्तर देंहटाएं
  23. ओह!! अब मेरा क्या होगा ललित जी?? :(

    उत्तर देंहटाएं
  24. 21 ko kolkata ke ek kavisammelan me hoon. 23-24 ko aara or buxar......apan to jaenge or kavita suna kar aaenge...is bhavishywani ka koi bhavishy nahi hai....

    उत्तर देंहटाएं
  25. प्रिय बंधुओं एवं भगिनियों,

    कहाँ भटक रहे हो बुकिंग कराने और पैसा जमा कराने के लिए ?

    अज्ञान की पराकाष्ठा देखनी है तो हिन्दी के ब्लॉग पर देखो और सिर पीट लो |

    अरे भाई, २१ मई २०११ हो या २१ दिसंबर २०१२, दोनों की बुकिंग और पैसा जमा लेने का एकमात्र एवं सर्वाधिकार संपन्न कार्यालय आपके इस विश्वस्त के घर के पते पर है |

    किसी व्यर्थ के असमंजस में पड़ कर समय न गवाएं |

    बहुत से जालसाज ४ सीटों की बुकिंग पर पांचवी मुफ्त का झांसा दे रहे हैं - फंसना न फंसना - आपके विवेक पर निर्भर करता है क्योंकि जिस प्रकार अकेले पैदा हुआ जाता है - ठीक उसी प्रकार अकेले ही जाया जाता है |

    सत्य विज्ञापन - सत्य भाषण - सत्य आचरण ही हमारे इस जनोपयोगी व्यापार की विशेषता है |

    प्रातःकाल ठीक ८ बजे कार्यालय खुल जाता है - अभी से बाहर लम्बी पंक्ति लग गयी है एवं अति उत्साही जन कार्यालय में बलात प्रवेश का प्रयत्न कर रहें हैं |

    आप सब प्रिय जन ईमेल पर भी बुकिंग करा सकते हैं - पैसे भरने के लिए बैंक अकाउंट नंबर दे दिया जायेगा |

    उत्तर देंहटाएं
  26. इस तरह की अफवाह फ़ैलाने वालों को पकड़कर इनका पिछवाडा अच्छी तरह से गर्म करना चाहिए फिर कभी इनकी गणना में कभी कोई चुक नहीं होगी |

    उत्तर देंहटाएं
  27. ललित जी ये दुनिया बदस्तूर चल रही है और चलते रहेगी..ये कुछ फ़िरक़ापरस्त लोगों की गहरी साजिश है..और कुछ भी नहीं...

    उत्तर देंहटाएं
  28. हाँ ख़त्म हो जायेगी -कम से कम ऐसे दावे तो मुए जज्ब हो जायेगें ..
    जान खा गए रोज रोज ...

    उत्तर देंहटाएं
  29. !ललित जी अभी हमारे पापों का अंत नहीं हुआ है अभी सरकारी अत्याचारों से मुक्ति नहीं मिलने वाली हमारी चिंता का विषय यह है की वह २% लोग कौन है ?

    उत्तर देंहटाएं
  30. दुनिया रहेगी या कब ख़त्म हो जायेगी ये
    सिर्फ इश्वर जानते हैं ये इंसान के औकात से
    बाहर की बात है !

    उत्तर देंहटाएं
  31. यह सब कोरी बकवास है.. इस विषय पर फिल्म और नाटक भले ही अच्छे लगें पर इसे सच बता कर दहशत फैलाना बिल्कुल गलत है..

    उत्तर देंहटाएं
  32. दुनिया रहेगी या कब ख़त्म हो जायेगी ये
    सिर्फ इश्वर जानते हैं ये इंसान के औकात से
    बाहर की बात है !
    मैं सुरेश शर्मा जी की बात का पूर्णतः समर्थन करती हूँ...
    और फिर ख़त्म होना है तो हो ही जाना चाहिए..
    फिर नवनिर्माण होगा नवीन अंकुर फूटेंगे सब कुछ नया होगा स्वच्छ, पवित्र..
    काश........ ऐसा हो........

    उत्तर देंहटाएं
  33. ओह!
    एक महीना भी नहीं बचा अब मेरे पास! कितने कम करने बाकी हैं। कहाँ से शुरुआत करूं?
    लम्बी टिप्पणी कर समय बर्बाद करने की बजाय एक सुचि बनाता हूँ कि क्या क्या और करना है और कैसे करना है।
    :) :)

    उत्तर देंहटाएं
  34. 21 मई को दुनिया खत्‍म हो जाएगी। मैं तो छत पर चढ़कर देखूंगा कैसे होगी।

    उत्तर देंहटाएं